महिला प्रोफेसर को 22 दिन रखा डिजिटल अरेस्ट, 78.5 लाख ऐंठे
लखनऊ, संवाददाता
साइबर ठग ने खुद को राजधानी लखनऊ में इंदिरानगर के लक्ष्मणपुरी विस्तार निवासी निजी कॉलेज की प्रोेफेसर प्रमिला मानसिंह को साइबर ठग ने सीबीआई अधिकारी बताकर 22 दिन तक डिजिटल अरेस्ट में रखा। आरोपी ने महिला को मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दोषी बताकर 78.50 लाख रुपए ठग लिए।
डिजिटल अरेस्ट के दौरान प्रोफेसर कई लोगों से भी मिलीं, लेकिन डर की वजह से किसी को कुछ नहीं बताया। प्रमिला मानसिंह अविवाहित हैं। एक अनजान नंबर से व्हाट्सएप वीडियो कॉल आई और फोनकर्ता ने खुद को सीबीआई का अधिकारी बताया। कहा कि दिल्ली में उनके नाम से कई बैंक अकाउंट खुले हैं। प्रमिला ने इसे नकारा, तो ठग ने जांच के नाम पर उनका आधार नंबर और बैंक अकाउंट की पूरी जानकारी ले ली। कुछ देर बाद फिर से वीडियो कॉल कर मनी लॉन्ड्रिंग के केस में दोषी बताते हुए गिरफ्तारी की धमकी दे डाली।
ठग ने कहा कि अगर कार्रवाई से बचना चाहती हो तो जांच में सहयोग करना होगा। किसी से बात नहीं करनी होगी। ठग ने प्रमिला से लगातार व्हाट्सएप मैसेज और वीडियो कॉल के जरिए संपर्क रखा और उन पर मानसिक दबाव बनाया। 22 दिन तक डिजिटल अरेस्ट के दौरान महिला ने डरकर 78.50 लाख रुपए विभिन्न बैंक खातों में ट्रांसफर कर दिए।
साइबर थाना इंस्पेक्टर ब्रजेश कुमार यादव के मुताबिक पीड़िता ने जिन अकाउंट में रुपए ट्रांसफर किए, उनकी जांच जारी है।
